उत्तराखंड में 11 हजार छात्रों को मिलेगी निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग, CM धामी ने की योजना की शुरुआत

punjabkesari.in Tuesday, Sep 08, 2026 - 03:51 PM (IST)

देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को 'मुख्यमंत्री युवा भविष्य निर्माण योजना' की शुरुआत की जिसके प्रथम चरण के तहत प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे 11 हजार प्रतिभावान छात्रों को निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग दी जाएगी। योजना के माध्यम से प्रदेश के राजकीय एवं शासकीय सहायता प्राप्त महाविद्यालयों तथा राज्य विश्वविद्यालयों में अध्ययनरत पात्र छात्र-छात्राओं को विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग उपलब्ध कराई जाएगी। 

इस मौके पर मुख्यमंत्री ने प्रतियोगी परीक्षाओं में सफलता के लिए मेहनत के साथ सही दिशा, बेहतर रणनीति, अच्छे शिक्षकों के मार्गदर्शन और नियमित अभ्यास को जरूरी बताते हुए कहा कि योजना के प्रथम चरण में 11 हजार छात्र-छात्राओं को निःशुल्क ऑनलाइन कोचिंग दी जाएगी। उन्होंने कहा कि इस योजना से विशेष रूप से पर्वतीय एवं दूरस्थ क्षेत्रों में रहने वाले प्रतिभाशाली युवाओं के सपनों की राह में आर्थिक तंगी बाधा नहीं बन पाएगी। उन्होंने कहा कि राज्य का युवा मेहनती, प्रतिभाशाली और चुनौतियों का सामना करने में सक्षम है और उसकी प्रतिभा को सही दिशा, बेहतर मार्गदर्शन और आगे बढ़ने के समान अवसर उपलब्ध कराने की जरूरत है। 

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार का लक्ष्य केवल सरकारी नौकरियां उपलब्ध कराना नहीं है। उन्होंने कहा कि सरकार स्वरोजगार, स्टार्टअप, कौशल विकास, उद्यमिता और स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा देने के लिए भी लगातार कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार युवाओं को प्रदेश के भविष्य की दिशा तय करने में भी सक्रिय भागीदार बना रही है और प्रदेश के ढाई लाख से अधिक युवा विद्यार्थियों के साथ वैचारिक मंथन कर उनके विचार और सुझाव लिए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि युवाओं की आशाओं, आकांक्षाओं और रोजगार से जुड़े विषयों पर विशेष रूप से कार्य करने के लिए राज्य में अलग 'युवा आयोग' बनाया जाएगा। 

योजना के प्रथम चरण के तहत निर्धारित कुल 11,000 विद्यार्थियों में से संघ लोक सेवा आयोग (यूपीएससी) एवं राज्य लोकसेवा आयोग की तैयारी के लिए दो हजार छात्रों, कर्मचारी चयन आयोग (एसएससी), रेलवे, बैंक सेवाओं और समकक्ष परीक्षाओं के लिए पांच हजार, रक्षा सेवाओं की परीक्षाओं के लिए दो हजार, राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (नेट), इंजीनियरिंग में स्नातक योग्यता परीक्षा (गेट), वैज्ञानिक तथा औद्योगिक अनुसंधान परिषद (सीएसआईआर) तथा जूनियर रिसर्च फेलोशिप (जेआरएफ) के लिए एक हजार तथा कॉमन एडमिशन टेस्ट (कैट) और मैनेजमेंट एप्टीट्यूड टेस्ट (मैट) जैसी प्रबंधन प्रवेश परीक्षाओं के लिए एक हजार छात्रों को कोचिंग दी जाएगी। 
 


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Ramanjot

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