Rishikesh: परमार्थ निकेतन में आध्यात्मिक उल्लास के साथ मनाया गया रंगोत्सव

punjabkesari.in Wednesday, Mar 04, 2026 - 03:10 PM (IST)

हरिद्वारः उत्तराखंड के ऋषिकेश में मां गंगा के पावन तट पर स्थित परमार्थ निकेतन में रंगों का पर्व होली दिव्य, आध्यात्मिक और उत्सवमयी वातावरण में हर्षोल्लास के साथ मनाया गया। अध्यक्ष परमार्थ निकेतन स्वामी चिदानंद सरस्वती और साध्वी भगवती सरस्वती के सान्निध्य में ढोल-नगाड़ों की थाप पर श्रद्धालु प्रेम और आनंद के रंगों में सराबोर नजर आए।

देश-विदेश से आए श्रद्धालुओं, योग जिज्ञासुओं और साधकों ने एकत्र होकर जाति, भाषा और सीमाओं के भेदभाव से ऊपर उठकर वैश्विक परिवार की भावना के साथ होली का उत्सव मनाया। आश्रम परिसर में आध्यात्मिक ऊर्जा और उत्साह का अनूठा संगम देखने को मिला। इस अवसर पर स्वामी चिदानन्द सरस्वती ने देशवासियों को रंगोत्सव की शुभकामनाएं देते हुए कहा कि सभी के जीवन में सुख, समृद्धि और सफलता के रंगों की मधुर बौछार हो। उन्होंने कहा कि जीवन का प्रत्येक क्षण आनंद, शांति और सकारात्मकता से परिपूर्ण रहे तथा घर-परिवार में प्रेम, स्वास्थ्य और सौहार्द बना रहे।

उन्होंने कहा कि 'होली का संदेश है कि हम एक-दूसरे के जीवन में रंग भरें, किसी के जीवन से रंग न छीनें। जीवन का सबसे सुंदर रंग‘मानवता'है, जो हर भेदभाव से ऊपर उठकर सभी को जोड़ता है।' उन्होंने सेवा, सहयोग और सछ्वाव को जीवन में अपनाने का आह्वान किया। वहीं, साध्वी भगवती सरस्वती ने कहा कि होली प्रेम और करुणा का उत्सव है। उन्होंने सभी से प्राकृतिक एवं पर्यावरण-अनुकूल रंगों के उपयोग, जल संरक्षण और स्वच्छता का ध्यान रखते हुए मर्यादा के साथ होली मनाने की अपील की। उन्होंने कहा कि होली का उत्साह केवल एक दिन तक सीमित न रहे, बल्कि हमारे जीवन का स्थायी भाव बने।


सबसे ज्यादा पढ़े गए

Content Editor

Vandana Khosla

Related News